How to improve your listening skill-

Listening skill

आपको सुनने की आदत या अच्छाइयों (Power Of listening) के बारे में बताने से पहले मैं आपको पहले एक कहानी सुनाता हूँ–

4 monks ने निश्चय किया कि वो लगातार 2 हफ्ते बिना कुछ भी बोले meditate करेंगे। उन्होंने एक कैंडल जलाई अपने Meditation Practice के Symbol के तौर पर और Meditation शुरू कर  दिया। पहले दिन आधी रात के बाद कैंडल की लौ हिलने लगी और अचानक बुझ गयी। 

पहले वाले monk ने चिल्ला के बोला – ओह ये क्या हुआ , candle  तो बुझ गयी। 

दूसरे वाले monk ने पहले वाले से बोला -आप ये क्या कर रहे हैं , हमे बोलना नहीं था ना। 

तीसरा वाला monk गुस्सा होके  बोला – तुम लोग पागल हो गए हो क्या , तुम दोनों को ही चुप रहना था। 

फिर चौथा वाला monk हँसा और बोला – ओह, केवल मैं ही हूँ जो चुप रहा। 

Also read- Whatsapp launched a new security feature

पहले monk का ध्यान केवल Candle बुझ जानेसे ही भंग हो गया , जबकि वो चाहता तो बिना बोले उसको वापस जला सकता था। 

दूसरे monk ने सबको rule याद  दिलाया जबकि rule तो पहले ही टूट चूका था , तो अगर वो चाहता तो बिना बोले अपना मैडिटेशन चालू रख सकता था। 

तीसरा Monk  काबू नहीं कर पाया और बोल पड़ा , जबकि वो शांत रह सकता था। 

Best bedtime story of stone cutter and his wishes, for kids

और चौथे Monk ने Ego में आके अपनी महत्ता बताना उचित समझा , जबकि अगर वो चाहता तो silent रह कर भी अपनी सफलता को Enjoy कर सकता था। 

दोस्तों , इन चारो Monks में एक ही बात Common थी, कि इन्होने अपने विचारो को बिना Filter किये सामने रखा , किसी ने भी उस स्थिति को बेहतर बनाने का प्रयास नहीं किया। अगर कोई पांचवा समझदार Monk और होता और वो शांत हो कर अपना Meditation पूरा करता तो शायद स्थिति कुछ और होती।

How to save more money in daily life : 11 simple tricks

where to invest for safe retirement

और वो बाकी के इन चारों Monks को ये बता पाता कि , The more you talk, the more likely you are to say something stupid.  मतलब आप जितना ज्यादा बोलते हैं आपके  मुँह से कुछ बेकार बात निकलने के Chances ज्यादा होते हैं।

what is listening

What Is Listening —

communication process

ऑक्सफ़ोर्ड लिविंग डॉक्स , ” किसी Sound या Action पर  Attention Pay करना ही Listening है” । 

How to earn from Facebook : simple steps

Listening एक तरह से Hearing है जिसमे ये समझा  जाता है कि सामने वाला क्या कह रहा है। एक अर्थशास्त्री रोलांड बार्थेस ने Listening और Hearing में अंतर बताते हुए कहा है कि , ” Hearing एक शारीरिक घटना है और Listening एक मनोवैज्ञानिक कार्य है। ” 

hearing Vs listening

हम ज्यादातर Hearing Process में होते हैं। जब भी हम किसी भी Speech को मन से सुन रहे होते हैं तब Hearing , Listening में बदल जाती है।     

ability for skill

Listening  is the interpretative action taken by someone in order to understand and potentially make meaning of something they hear.

Best low investment business ideas in India

वैसे तो Listening के कई प्रकार ( Types Of Listening )हैं परन्तु रोलांड बार्थेस के अनुसार , Listening को 3 लेवल में समझा जा सकता है —

1 ) Alerting ( सचेत करना ) – 

ये भी एक प्रकार की Listening ही होती है।  जैसे आप के घर में गेट से घुसते ही कोई आवाज़ करने वाली चीज़ टंगी हो या फिर किसी खिड़की का दरवाज़ा किसी समय कुछ आवाज़ उत्पन्न करे तो मन Alert हो जाता है कि ये आवाज़ कहा से और क्यों आयी है। तो इस समय आपने Hearing को समझने की कोशिश की , तो वो Listening में बदल गयी। 

Active listening

2 ) Describing the sound ( ध्वनि की व्याख्या करना )–

मान लीजिये आपके घर में एक छोटा बच्चा है।  अब उसको अपनी माँ का इंतज़ार है जो कही बाहर गयी है या उस बच्चे के रूम में नहीं है।  अब वो बच्चा  किसी Particular Sound पर ध्यान रखता है कि अगर वो आवाज़ होती है तो इसका मतलब है उसकी माँ उसके पास आ रही है। तो उसने उस sound की अपने दिमाग में एक इमेज बना रखी है। 

art of listening

3 ) How The sound affects the listener — 

आप इसको इस तरह से समझ सकते हैं कि जब हम college में पढ़ रहे होते थे तो professors हमको जिस टॉपिक को पढ़ा रहे होते थे , वो उसको शुरू करने से पहले बोलते थे कि आपको बीच में सवाल नहीं करने हैं।

Where is arjun’s bow GANDEEV this time

जब भी मैं  आपको बोलूं  कि अब आप पूछिए तभी आपको बोलना है , बीच में disturb नहीं करना है।  अब आप समझिये कि  आपका बोलना कैसे उस टाइम professor जो कि आपके बोलते ही listener में बदल गया , उसको कैसे प्रभावित करता है। 

उस  प्रभाव से बचने के लिए ही उन्होंने पहले कह दिया कि  बीच में नहीं बोलना है। 

effective listening

अगर आप किसी Communication Skill में दक्ष होना चाहते हैं तो Listening में होना ज्यादा अच्छा  है , क्युकी जब तक आप किसी के Order को या किसी की समस्या को समझ नहीं पाएंगे तब तक आप उसपर Act नहीं कर पाएंगे।

अगर आप में Listening Skills हैं तो आपके friends भी ज्यादा होंगे, Self Esteem improve होगा ,  आपको अपने Working Area में Confidence आएगा , Academic में भी आप अच्छा कर पाओगे। 

How to earn double from your bank Fixed deposits

एक शोध में ये भी पाया गया है कि ज्यादा बोलना जहाँ  आपके Blood Pressure को बढ़ा देता है वही Attentive Listening आपके BP को control करती है। Effective Listening के 10 Principles भी बनाये गए हैं , जिनको समझना भी बहुत आवश्यक है। 

Listening is not the same as hearing :—

what is hearing

जैसा कि मैंने आपको ऊपर ही बताया कि Listening और Hearing दोनों अलग Process हैं। सरल भाषा में Hearing को हम  एक  Sound कह सकते हैं  जो हमारे कान में आती है। ये एक तरह से हमारे शरीर की एक Physical Process है। 

Feeling depressed ? tricks to overcome depression quickly

पर Listening इससे कहीं ज्यादा है , इसमें आपको focus और Concentrated efforts करने पड़ते हैं और वो भी mental एंड Physical दोनों तरह से।

transfer of messages

आपको मैं समझाता हूँ , अगर आप कही किसी Motivational Speech को सुनने गए हैं , तो वहां आपको स्टोरी सुनाई जाती है मान लीजिये।  तो   अगर आप अच्छे Listener हैं  तो आपको केवल Story को Attention नहीं देना है , बल्कि ये भी देखना है कि कैसे वो कहानी कही जा  रही ,  कैसी भाषा Use की जा रही , कैसी Voice है , और जो बोल रहा है वो किस प्रकार अपने शरीर का Use कर रहा है आपको समझाने के लिए। 

Life sucks ? learn how to ease your life

कहने का मतलब ये है कि उस समय आपको उससे आने वाले Verbal और Non Verbal दोनों प्रकार के messages को समझना है। 

Listening कभी भी Passive Process नहीं हो सकती है इसीलिए इसे Active Listening कहा जाता है , क्युकी Listener को भी उतना ही Engage होना पड़ता है जितना कि Speaker को  होना पड़ता है। 

The Time used for listening :–

एक शोध के अनुसार , Adults अपने पूरे time का  70 % किसी न किसी  तरह के Communication में Use करते हैं। 

communication ratio
listening ratio

शोध के अनुसार , लोग समय का 45 %  Listening में , 30 % Speaking में , 9 % writing में , और बाकी का 16  %  reading में बिताते हैं।  

How can you change your whole life in just 30 hours

Purpose Of Listening :—

ये तो अभी तक हमने blog में पढ़ा कि Effective Listening हमारे जीवन की सबसे महत्वपूर्ण Skill है। 

Listening के बहुत सारे Purpose हो सकते हैं Life में , उनमे से कुछ पर आइये बात करते हैं —

  • कुछ भी सुनते और समझते वक़्त आपका ध्यान भंग ना हो और आप पहले से ही किसी की कही बात का अनुमान ना लगाने लगें , इसलिए दोनों तरफ के संदेशों पर ध्यान देना होता है। 
  • जो व्यक्ति बोल रहा है उसके कथन और उसके Ideas की समझ के लिए। 
  • गंभीर रूप से समझने के लिए कि उस कथन का और उसपर आपके जवाब का आपके  जीवन पर क्या प्रभाव पड़ेगा। 
  • जो कहा जा रहा है वो भी समझना और जो कहा ही नहीं जा रहा उनके संकेतों को भी समझना। 
  • जो बोल रहा है उसको ध्यान से सुनना , रूचि लेना ताकि बोलने वाले को  भी प्रोत्साहन मिले। 
  • पहले वक्ता को सुनना फिर बोलना ताकि एक Selflessness वाला Approach हो सके। 
  • Poor Listening आपके व्यक्तित्व को दूसरों के सामने बुरा साबित कर  सकता है। 

The Final Touch —

हमेशा ध्यान रखिये कि अगर हम किसी को सुनते समय केवल ये सोचते हैं कि इसने जो बातें कहीं उसका क्या और कैसे जवाब देना है तो वो Effective Listening नहीं होती है।   आपको पहले सामने वाले को पूरे सम्मान के साथ धैर्य के साथ सुनना होता है , क्या पता उसको जो जवाब आप देने वाले हो वो आगे की उसी की बात में कही छुपा हुआ हो।  

Effective Listening के कुछ barriers भी होते हैं जिनके बारे में मैंने एक ब्लॉग में लिखा है। 

Only speak when what you say is likely to have a significant, positive impact, because  wisdom is cultivated in silence.

The less you speak, the smarter you get. And, maybe not quite coincidentally, the smarter you get, the less you speak.

———————————–

Categories: Uncategorized

2 Comments

BE MOTIVATED · May 22, 2020 at 2:33 pm

Great content as usual.

Unknown · May 22, 2020 at 2:39 pm

Very nice blog about listening

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *